Chapter-13 बाजार संतुलन

बाजार संतुलन बाजार उस समय संतुलन की स्थिति में होता है जब बाजार मांग, बाजार पूर्ति के बराबर होता है I   संतुलन कीमत संतुलन कीमत वह कीमत है जहाँ बाजार मांग व पूर्ति बराबर होती है I   संतुलन Read More …

Chapter-12 बाजार

बाजार क्या है ? बाजार से अभिप्राय उस सयंत्र या अवस्था से है I जिसके द्वारा वस्तुओ और सेवाओ की बिक्री एवं खरीद के लिए करतो और विक्रेताओ के बीच का सम्पर्क सुविधाजनक जाते है I   बाजार के रूप… Read More …

Chapter-11 पूर्ति का सिद्दांत

पूर्ति किसी वस्तु की पूर्ति से अभिप्राय वस्तु की उन मात्राओ से है जिसे उत्पादक वस्तु की विभिन्न सम्भव कीमतों पर एक निश्चित समय पर बेचने के लिए तैयार है I   पूर्ति की गई मात्रा पूर्ति की मात्रा से Read More …

Chapter-10 उत्पादक का संतुलन

उत्पादक का संतुलन एक उत्पादक उस समय संतुलन में होगा जब उसे अधिकतम लाभ तथा न्यूनतम हानि प्राप्त हो I   असामान्य लाभ आसामान्यलाभ फर्म वः स्थिति है जिसमे फर्म का कुल आगम, कुल लागत से अधिक होता है I Read More …

Chapter-9 सम्प्राप्ति आय

सम्प्राप्ति किसी वस्तु की बिक्री करने से एक फर्म को जो कुल रकम प्राप्त होती हैउसे फर्म की सम्प्राप्ति कहते है I   कुल आगम एक फर्म की कुल मौद्रिक प्राप्तियां जो एक दिए हुए उत्पाद में बेचकर प्राप्त होती Read More …

Chapter-8 लागत

लागत किसी वस्तु के उत्पादन प्रक्रिया के दौरान हुए खर्चे को लागत कहते है I इसके दो प्रकार है :- स्पष्ट लागत निहित लागत   विक्रय लागत किसी भी वस्तु की विक्री को बढ़ाने के लिए उत्पादक द्वारा विज्ञापन पर Read More …

Chpter-7 उत्पादन फलं और एक साधन के प्रतिफल

उत्पादन फलन: इससे अभिप्राय भोतिक आगतो (साधन) तथा भोतिक निर्गतो (उत्पादन ) के बीच पाए जाने वाले सम्बंध से है I   अल्पकाल यह समय की वह अवधि है जिसमे एक साधन परिवर्तनशील तथा बाकि सभी स्थिर होते हैं I Read More …

Chapter-6 मांग की कीमत लोच

 मांग की लोच मांग की लोच से अभिप्राय “किसी वस्तु की कीमत उपभोक्ता की आय तथा सम्बन्धित वस्तु की कीमत में परिवर्तन से मांग में जो परिवर्तन होता है इसे मांग की लोच कहते हैं I   मांग की लोच Read More …